ਦੇਸ਼ਦੁਨੀਆਂਪੰਜਾਬ

कैंट में सफाई व्यवस्था को लेकर समाज सेविका एडवोकेट मनीषा जैन ने सीईओ को दिया मेमोरेंडम

जालंधर कैंट, सैवी चावला। कैंट वासी लंबे समय से सफाई की व्यवस्था से परेशान हैं, जगह-जगह खुली नालियों की वजह से चूहों और प्लास्टिक की थैलियां के कारण नालियों मे जगह-जगह पर ब्लॉकेज है और इन ब्लॉकेज की जगह पर पानी इकट्ठा हो जाता है, जिससे मच्छरों की भरमार होती है। अगर समय रहते इन पर रोकथाम ना की गई तो यह बीमारी का कारण बन सकते हैं। इन शब्दों का प्रगटावा समाज सेविका एडवोकेट मनीषा जैन ने PRIME INDIAN NEWS के प्रतिनिधि से बातचीत करते हुए किया।

उन्होंने कहा कि पूरे कैंट के अंदर एक भी डस्टबिन नहीं है, जिससे बाजार में लोग शॉपिंग करने आते हैं या कुछ खाते हैं तो वह सारा वेस्ट सड़कों पर सारा दिन रहता है। अगर डस्टबिन लगाया जाए तो इस समस्या से निजात पाई जा सकती है।

उन्होंने कहा कि आवारा कुत्तों के कारण भी नागरिक असुरक्षित महसूस करते हैं, उनके बर्थ कंट्रोल की व्यवस्था भी की जानी चाहिए। सोशल एक्टिविस्ट एडवोकेट मनीषा जैन का कहना है कि साफ सुथरे एनवायरमेंट में रहना भारत के प्रत्येक नागरिक का अधिकार है। कैंट बोर्ड सफाई व्यवस्था को सुनिश्चित करने के लिए नागरिकों पर टैक्स तो लगता है परंतु सुविधा नहीं देता।

इन्हीं मांगों को लेकर मनीषा जैन ने अपनी कुछ साथियों  हेमा गर्ग, रिपी लूथरा, पूजा अरोड़ा, प्रीति चौहान, सोमिल लूथरा एवं ललिता जायसवाल के साथ कैंट सीईओ कुंवर ओमपाल सिंह से मिलकर उन्हें एक मेमोरेंडम दिया।  सीईओ कुंवर ओमपाल सिंह ने आश्वासन दिया की इन मुद्दों पर जल्दी से जल्दी कार्रवाई की जाएगी। कैंट वासियों का आराम और सुरक्षा उनके लिए सर्वोपरि है, बहुत जल्द ही डॉग्स के बर्थ कंट्रोल के लिए भी कार्यवाही की जाएगी।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button